बड़ी खबर: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ गुरुवार को वाराणसी पहुंचे, जहां उन्होंने सबसे पहले काशी के कोतवाल बाबा काल भैरव के मंदिर में विधि-विधान से पूजा-अर्चना की। इसके बाद उन्होंने श्री काशी विश्वनाथ मंदिर में दर्शन कर प्रदेश की सुख-समृद्धि और जनकल्याण की कामना की। अपने दौरे के दौरान मुख्यमंत्री ने विकास कार्यों और कानून-व्यवस्था की भी समीक्षा की।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने काल भैरव मंदिर में आरती और पूजा-अर्चना के बाद मंदिर परिसर में मौजूद श्रद्धालुओं का अभिवादन किया तथा बच्चों को दुलार भी किया। इसके बाद उन्होंने श्री काशी विश्वनाथ धाम पहुंचकर गर्भगृह में विधि-विधान से पूजा कर प्रदेशवासियों के सुख, शांति और समृद्धि की कामना की।
मंदिर दर्शन से पहले मुख्यमंत्री ने चौकाघाट स्थित विद्युत सब-स्टेशन का निरीक्षण किया। अधिकारियों से निर्माण कार्यों की प्रगति की जानकारी ली और सभी परियोजनाओं को तय समय सीमा के भीतर पूरा करने के निर्देश दिए।
वाराणसी प्रवास के दौरान मुख्यमंत्री योगी ने आयुष एवं खाद्य सुरक्षा राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) डॉ. दयाशंकर मिश्र 'दयालु' के पुत्र के विवाह समारोह में भी भाग लिया। उन्होंने नवविवाहित दंपति को शुभकामनाएं दीं और परिवार को बधाई दी।
मुख्यमंत्री के दौरे के दौरान कई मंत्री, जनप्रतिनिधि और प्रशासनिक अधिकारी मौजूद रहे। प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था के साथ-साथ विकास कार्यों की प्रगति पर भी मुख्यमंत्री को विस्तृत जानकारी दी।
तथ्य जांच:
- मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने वाराणसी में काल भैरव मंदिर और काशी विश्वनाथ मंदिर में दर्शन किए।
- उन्होंने विधि-विधान से पूजा-अर्चना कर प्रदेश की सुख-समृद्धि की कामना की।
- चौकाघाट विद्युत सब-स्टेशन का निरीक्षण कर विकास कार्यों की समीक्षा की।
- अधिकारियों को सभी परियोजनाएं समय पर पूरी करने के निर्देश दिए।
- मंत्री डॉ. दयाशंकर मिश्र 'दयालु' के पुत्र के विवाह समारोह में भी शामिल हुए।
निष्कर्ष:
वाराणसी दौरे के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने धार्मिक दर्शन के साथ-साथ विकास परियोजनाओं की समीक्षा और प्रशासनिक अधिकारियों के साथ बैठक कर विकास कार्यों को गति देने के निर्देश दिए। उनका यह दौरा धार्मिक आस्था और विकास दोनों दृष्टि से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
