बड़ी खबर: पाकिस्तान के कब्जे वाले जम्मू-कश्मीर (PoJK) में प्रदर्शनकारियों पर कथित कार्रवाई को लेकर भारत ने पाकिस्तान की कड़ी आलोचना की है। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा कि स्थानीय लोगों की शिकायतों का समाधान करने के बजाय पाकिस्तान प्रशासन दमन और हिंसा का रास्ता अपना रहा है। भारत ने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से पाकिस्तान को इन घटनाओं के लिए जिम्मेदार ठहराने की अपील की है।
रणधीर जायसवाल ने कहा कि PoJK में लोग वर्षों से शोषण, बुनियादी सुविधाओं की कमी और प्रशासनिक दमन का सामना कर रहे हैं। उनके अनुसार, प्रदर्शन कर रहे लोगों पर पुलिस और सुरक्षा बलों की कार्रवाई में महिलाओं और बच्चों को भी निशाना बनाया गया, इंटरनेट सेवाएं बाधित की गईं और आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति प्रभावित हुई।
रिपोर्ट के मुताबिक, जॉइंट अवामी एक्शन कमेटी (JAAC) ने बड़े विरोध मार्च का आह्वान किया है। संगठन का आरोप है कि शांतिपूर्ण प्रदर्शन के दौरान पाकिस्तानी सुरक्षा बलों की गोलीबारी में कई लोग घायल हुए और क्षेत्र में तनाव लगातार बढ़ रहा है।
तथ्य जांच:
- भारत ने PoJK में प्रदर्शनकारियों पर कार्रवाई को लेकर पाकिस्तान की आलोचना की।
- विदेश मंत्रालय ने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से पाकिस्तान को जवाबदेह ठहराने की अपील की।
- JAAC ने बड़े विरोध मार्च का ऐलान किया है और सुरक्षा बलों पर गोलीबारी का आरोप लगाया है।
निष्कर्ष:
PoJK में जारी विरोध प्रदर्शनों और सुरक्षा बलों की कार्रवाई को लेकर भारत ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पाकिस्तान की जवाबदेही तय करने की मांग की है। इस मुद्दे को लेकर क्षेत्र में तनाव बना हुआ है।
