योगी सरकार में तकनीक से जुड़ेगा भविष्य, 5 सर्वोदय स्कूलों में शुरू हुई स्मार्ट क्लास

NRC News Hindi: योगी सरकार में तकनीक से जुड़ेगा भविष्य, 5 सर्वोदय स्कूलों में शुरू हुई स्मार्ट क्लास

बड़ी खबर: उत्तर प्रदेश के जय प्रकाश नारायण सर्वोदय विद्यालयों में विद्यार्थियों को आधुनिक और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा से जोड़ने के लिए स्मार्ट क्लासरूम की शुरुआत की गई है। पहले चरण में पांच सर्वोदय विद्यालयों में एक-एक स्मार्ट क्लास तैयार की गई है। इस परियोजना का उद्घाटन गोमती नगर स्थित भागीदारी भवन में समाज कल्याण राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) असीम अरुण ने किया। सीएसआर के तहत शुरू की गई इस परियोजना की कुल लागत 35 करोड़ रुपये बताई गई है।

दिनांक: 13 अगस्त 2026
स्थान: लखनऊ, उत्तर प्रदेश

समाज कल्याण विभाग के अनुसार, प्रदेश में फिलहाल 103 सर्वोदय विद्यालय संचालित हो रहे हैं। स्मार्ट क्लासरूम के पायलट प्रोजेक्ट के लिए गाजियाबाद के निडोरी, बुलंदशहर के बदनौरा, मेरठ के हस्तिनापुर, बरेली और पीलीभीत के विद्यालयों का चयन किया गया है।

इन स्मार्ट कक्षाओं में स्मार्ट बोर्ड, स्मार्ट पैनल, दो एयर कंडीशनर और वुडेन फ्लोरिंग जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं। डिजिटल माध्यम से पढ़ाई होने पर विद्यार्थियों को विषयों को दृश्य और इंटरैक्टिव तरीके से समझने में मदद मिलेगी। इससे शिक्षकों को भी कठिन विषयों को आसान और प्रभावी तरीके से पढ़ाने में सुविधा मिलेगी।

समाज कल्याण राज्यमंत्री असीम अरुण ने कहा कि स्मार्ट क्लासरूम केवल पढ़ाई के तरीके में बदलाव नहीं है, बल्कि विद्यार्थियों के भविष्य को नई दिशा देने का प्रयास है। सरकार का उद्देश्य विद्यार्थियों को आधुनिक तकनीक और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा से जोड़ना तथा उन्हें भविष्य की प्रतिस्पर्धाओं के लिए तैयार करना है।

यह परियोजना सीएसआर के तहत शुरू की गई है। इसके अगले चरण में अन्य चयनित विद्यालयों में भी स्मार्ट क्लासरूम और ऑनलाइन शिक्षा का विस्तार करने की योजना है।

स्मार्ट क्लास के माध्यम से विद्यार्थियों को डिजिटल अध्ययन सामग्री और आधुनिक तकनीक के जरिए पढ़ाई का अवसर मिलेगा। इससे विशेष रूप से कठिन विषयों को समझने में विद्यार्थियों को मदद मिलने की उम्मीद है।

तथ्य जांच:

  • उत्तर प्रदेश के जय प्रकाश नारायण सर्वोदय विद्यालयों में स्मार्ट क्लासरूम की शुरुआत की गई है।
  • पहले चरण में 5 सर्वोदय विद्यालयों में एक-एक स्मार्ट क्लास तैयार की गई है।
  • परियोजना की कुल लागत 35 करोड़ रुपये बताई गई है।
  • पायलट प्रोजेक्ट के लिए गाजियाबाद, बुलंदशहर, मेरठ, बरेली और पीलीभीत के विद्यालयों का चयन किया गया है।
  • स्मार्ट कक्षाओं में स्मार्ट बोर्ड और स्मार्ट पैनल उपलब्ध कराए गए हैं।
  • कक्षाओं में दो एयर कंडीशनर और वुडेन फ्लोरिंग की सुविधा भी दी गई है।
  • प्रदेश में 103 सर्वोदय विद्यालय संचालित होने की जानकारी दी गई है।
  • परियोजना सीएसआर के तहत शुरू की गई है।
  • पहले चरण का उद्घाटन गोमती नगर स्थित भागीदारी भवन में किया गया।
  • अगले चरण में अन्य विद्यालयों तक स्मार्ट क्लासरूम और ऑनलाइन शिक्षा का विस्तार करने की योजना है।

निष्कर्ष

उत्तर प्रदेश के सर्वोदय विद्यालयों में स्मार्ट क्लासरूम की शुरुआत विद्यार्थियों को आधुनिक और डिजिटल शिक्षा से जोड़ने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है। पांच विद्यालयों से शुरू की गई इस परियोजना को आगे अन्य विद्यालयों तक विस्तार देने की योजना है। स्मार्ट बोर्ड और डिजिटल संसाधनों के माध्यम से विद्यार्थियों को पढ़ाई का अधिक आधुनिक और प्रभावी तरीका उपलब्ध कराया जाएगा।

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