बड़ी खबर: दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे के एक हिस्से पर वाहन चालकों के लिए स्पीड लिमिट घटाकर 70 किमी प्रति घंटा कर दी गई है। निर्धारित सीमा से अधिक गति से वाहन चलाने पर ऑटोमैटिक ई-चालान जारी किया जाएगा। यह फैसला सड़क सुरक्षा और दुर्घटनाओं पर अंकुश लगाने के उद्देश्य से लिया गया है।
प्रशासन के अनुसार, एक्सप्रेसवे पर लगे हाई-रिजॉल्यूशन कैमरे और इंटेलिजेंट ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम (ITMS) वाहनों की गति पर लगातार नजर रखेंगे। यदि कोई वाहन निर्धारित 70 किमी/घंटा की सीमा से अधिक गति से चलता पाया गया, तो उसका ई-चालान सीधे वाहन मालिक के नाम पर जारी किया जाएगा।
अधिकारियों ने वाहन चालकों से अपील की है कि वे मार्ग पर लगे स्पीड लिमिट संकेतकों का पालन करें। नियमों का उल्लंघन करने पर जुर्माने के साथ अन्य कानूनी कार्रवाई भी की जा सकती है।
दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे पर पहले अलग-अलग स्थानों पर अलग-अलग स्पीड लिमिट के बोर्ड लगाए जाने से भ्रम की स्थिति बनी थी। अब संबंधित हिस्से में 70 किमी/घंटा की सीमा लागू होने के बाद नियमों के पालन पर विशेष जोर दिया जा रहा है।
तथ्य जांच:
- एक्सप्रेसवे के संबंधित हिस्से में स्पीड लिमिट 70 किमी/घंटा निर्धारित की गई है।
- ओवरस्पीडिंग पर ऑटोमैटिक ऑनलाइन (ई-) चालान जारी होगा।
- निगरानी के लिए कैमरे और ट्रैफिक मॉनिटरिंग सिस्टम का उपयोग किया जा रहा है।
निष्कर्ष:
दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे पर नई स्पीड लिमिट का उद्देश्य सड़क सुरक्षा बढ़ाना और ओवरस्पीडिंग से होने वाली दुर्घटनाओं को कम करना है। वाहन चालकों को सलाह दी गई है कि वे मार्ग पर प्रदर्शित गति सीमा का पालन करें, ताकि ई-चालान और अन्य कार्रवाई से बचा जा सके।
