बड़ी खबर: उत्तर प्रदेश के रामपुर में स्थित मौलाना मोहम्मद अली जौहर यूनिवर्सिटी पर प्रशासनिक कार्रवाई के बीच जिलाधिकारी अजय कुमार द्विवेदी ने विश्वविद्यालय के कुलपति को पत्र लिखकर छात्र-छात्राओं और विभिन्न संकायों की विस्तृत जानकारी मांगी है। प्रशासन का कहना है कि आवश्यकता पड़ने पर छात्रों की पढ़ाई प्रभावित न हो, इसलिए उन्हें अन्य विश्वविद्यालयों में स्थानांतरित करने की तैयारी की जा रही है।
जिलाधिकारी द्वारा भेजे गए पत्र में विश्वविद्यालय से संकायवार संचालित पाठ्यक्रमों, स्वीकृत सीटों तथा वर्तमान में पंजीकृत छात्र-छात्राओं की संख्या तत्काल उपलब्ध कराने को कहा गया है। प्रशासन ने इसके लिए कोई समय-सीमा तय नहीं की है, लेकिन जानकारी शीघ्र उपलब्ध कराने का अनुरोध किया है।
यह कदम ऐसे समय उठाया गया है जब रामपुर विकास प्राधिकरण (RDA) पहले ही जौहर यूनिवर्सिटी की 38 इमारतों को ध्वस्त करने का आदेश जारी कर चुका है। प्राधिकरण का आरोप है कि इन भवनों का निर्माण बिना स्वीकृत नक्शे और आवश्यक अनुमति के किया गया था।
प्रशासन का कहना है कि यदि आगे कोई कार्रवाई होती है तो छात्रों की शिक्षा प्रभावित नहीं होनी चाहिए। इसी उद्देश्य से वैकल्पिक विश्वविद्यालयों में उन्हें स्थानांतरित करने की संभावनाओं पर काम किया जा रहा है। दूसरी ओर, विश्वविद्यालय और समाजवादी पार्टी इस कार्रवाई को राजनीतिक प्रतिशोध बता रहे हैं।
तथ्य जांच:
- रामपुर DM ने जौहर यूनिवर्सिटी के कुलपति को छात्रों का विवरण उपलब्ध कराने के लिए पत्र लिखा।
- प्रशासन का उद्देश्य जरूरत पड़ने पर छात्रों को दूसरे विश्वविद्यालयों में शिफ्ट करना है।
- RDA ने हाल ही में विश्वविद्यालय की 38 इमारतों को ध्वस्त करने का आदेश जारी किया था।
- विश्वविद्यालय प्रशासन और समाजवादी पार्टी ने कार्रवाई पर आपत्ति जताई है।
निष्कर्ष:
जौहर यूनिवर्सिटी पर चल रही प्रशासनिक कार्रवाई के बीच अब जिला प्रशासन छात्रों के भविष्य को ध्यान में रखते हुए वैकल्पिक व्यवस्था की तैयारी में जुट गया है। इसके लिए विश्वविद्यालय से छात्र-छात्राओं का पूरा रिकॉर्ड मांगा गया है।
