बड़ी खबर: उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार ने वित्त वर्ष 2026-27 का पहला ₹59,019.54 करोड़ का अनुपूरक (Supplementary) बजट विधानसभा में पेश किया। वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने कहा कि यह बजट चल रही विकास परियोजनाओं को गति देने, नई योजनाओं के लिए अतिरिक्त धन उपलब्ध कराने और जनहित के कार्यों को आगे बढ़ाने के उद्देश्य से लाया गया है।
विधानसभा के मानसून सत्र के दौरान पेश किए गए इस अनुपूरक बजट में विभिन्न विभागों की अतिरिक्त वित्तीय आवश्यकताओं को पूरा करने का प्रावधान किया गया है। सरकार का कहना है कि इससे अधूरी परियोजनाओं को समय पर पूरा करने और नई योजनाओं को गति देने में मदद मिलेगी।
वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने कहा कि अनुपूरक बजट में जनहित और विकास कार्यों को प्राथमिकता दी गई है। उन्होंने विश्वास जताया कि अतिरिक्त बजटीय प्रावधानों से राज्य के विकास की रफ्तार और तेज होगी।
बजट पेश किए जाने के दौरान समाजवादी पार्टी के विधायकों ने विभिन्न मुद्दों को लेकर विरोध प्रदर्शन किया, जिसके कारण सदन में कुछ समय के लिए हंगामे की स्थिति भी बनी रही। इसके बावजूद सरकार ने बजट सदन के पटल पर रखा।
तथ्य जांच:
- उत्तर प्रदेश सरकार ने ₹59,019.54 करोड़ का पहला अनुपूरक बजट पेश किया।
- बजट वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने विधानसभा में प्रस्तुत किया।
- बजट का उद्देश्य विकास योजनाओं और अतिरिक्त वित्तीय आवश्यकताओं को पूरा करना है।
- बजट पेश होने के दौरान विधानसभा में विपक्ष का विरोध भी देखने को मिला।
निष्कर्ष:
योगी सरकार का यह अनुपूरक बजट राज्य की विकास योजनाओं को अतिरिक्त वित्तीय सहायता देने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। अब इस पर विधानसभा में चर्चा और पारित होने की प्रक्रिया आगे बढ़ेगी।
