योगी सरकार का 'परिवार संतृप्तिकरण अभियान' शुरू, ग्रामीण महिलाओं को मिलेगा रोजगार से जुड़ने का मौका

NRC News Hindi: योगी सरकार का 'परिवार संतृप्तिकरण अभियान' शुरू, ग्रामीण महिलाओं को मिलेगा रोजगार से जुड़ने का मौका

बड़ी खबर: उत्तर प्रदेश सरकार ने ग्रामीण महिलाओं को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाने के लिए 'परिवार संतृप्तिकरण अभियान' शुरू किया है। यह अभियान 5 अगस्त से 20 अगस्त 2026 तक पूरे प्रदेश में चलाया जाएगा। इसका उद्देश्य उन पात्र महिलाओं को स्वयं सहायता समूह (SHG), बैंकिंग सुविधाओं और स्वरोजगार योजनाओं से जोड़ना है, जो अब तक इनसे वंचित हैं।

दिनांक: 5 अगस्त 2026
स्थान: लखनऊ, उत्तर प्रदेश

अभियान के तहत विकासखंड और ग्राम पंचायत स्तर पर टीमें घर-घर सर्वे करेंगी। ऐसे परिवारों की पहचान की जाएगी, जिनकी महिलाएं अभी तक स्वयं सहायता समूहों से नहीं जुड़ी हैं। सर्वे के बाद उन्हें समूहों में शामिल कर बचत, बैंकिंग, ऋण, प्रशिक्षण और रोजगार के अवसर उपलब्ध कराए जाएंगे।

सरकार ने निर्देश दिए हैं कि सभी पात्र स्वयं सहायता समूहों के बैंक खाते शीघ्र खोले जाएं, ताकि उन्हें सरकारी वित्तीय सहायता, बैंक ऋण और अन्य योजनाओं का लाभ सीधे मिल सके। इससे महिलाएं छोटे उद्योग, डेयरी, खाद्य प्रसंस्करण, हस्तशिल्प और अन्य स्वरोजगार गतिविधियां शुरू कर सकेंगी।

उत्तर प्रदेश राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन (UPSRLM) के तहत वर्तमान में 10 लाख से अधिक स्वयं सहायता समूह सक्रिय हैं, जिनसे 1 करोड़ से अधिक परिवार जुड़े हुए हैं। सरकार का लक्ष्य इस अभियान के माध्यम से और अधिक पात्र महिलाओं को इस नेटवर्क से जोड़कर ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करना है।

तथ्य जांच:

  • 'परिवार संतृप्तिकरण अभियान' 5 से 20 अगस्त 2026 तक चलेगा।
  • अभियान का उद्देश्य पात्र ग्रामीण महिलाओं को SHG, बैंकिंग और आजीविका योजनाओं से जोड़ना है।
  • अभियान के दौरान घर-घर सर्वे कर लाभार्थियों की पहचान की जाएगी।
  • सरकार का लक्ष्य ग्रामीण महिलाओं की आय बढ़ाकर गांवों की अर्थव्यवस्था को मजबूत करना है।

निष्कर्ष:

योगी सरकार का यह अभियान ग्रामीण महिलाओं को स्वरोजगार, बैंकिंग और सरकारी योजनाओं से जोड़ने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है। यदि अभियान सफल रहा, तो इससे महिलाओं की आर्थिक भागीदारी बढ़ने के साथ ग्रामीण अर्थव्यवस्था को भी नई गति मिल सकती है।

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